दोहा – कागा किसका धन हरे,कोयल किसको दे,मीठी वाणी बोल के वा,जुग अपना करले। कोयल वाणी … कोयल वाणी बोल रे कागा मेरा मन राम से लागा लिरिक्सRead more
दोहा – कागा किसका धन हरे,कोयल किसको दे,मीठी वाणी बोल के वा,जुग अपना करले। कोयल वाणी … कोयल वाणी बोल रे कागा मेरा मन राम से लागा लिरिक्सRead more